इस शहर मे
सपने रस्तो पे अपनी राह ढूँडदते मिले
उनसे पूछा की मज़िल कहा मिलेगी
हस कर एक ने कहा सपनो की कोई मज़िल नही होती
कई गुमनाम ख्वाब हैं इस शहर मे
कुछ आगे चला तो किस्मत निराश सी मिली
मैने पूछा की किस्मत क्यूँ उदास हे
मुस्कुरा कर कहा उसने की किस्मत की कोई कीमत नही होती
किलो के भाव बिकती है किस्मत इस शहर मे
आगे एक हुजूम सा आ रहा था , हज़ारी की भीड़
मैने भीड़ से पूछा की पहचान कहा है तेरी
उसने कहाँ सपने और किस्मत खरिदनो को पहचान मैं बेच आई
गुमनाम कई जी रहे हैं एस इस शहर मे
हताश हो कर मे फुटपाथ पर ही बैठ गया
ना पहचान ना किस्मत ना सपने थे मेरे पास
सोचा मेने हार नही माहुँगा ,मेहनत से किस्मत हौसेल से सपने वापस ले अवँगा
एक नयी पहचान बनाउगा इस शहर मे
सपने रस्तो पे अपनी राह ढूँडदते मिले
उनसे पूछा की मज़िल कहा मिलेगी
हस कर एक ने कहा सपनो की कोई मज़िल नही होती
कई गुमनाम ख्वाब हैं इस शहर मे
कुछ आगे चला तो किस्मत निराश सी मिली
मैने पूछा की किस्मत क्यूँ उदास हे
मुस्कुरा कर कहा उसने की किस्मत की कोई कीमत नही होती
किलो के भाव बिकती है किस्मत इस शहर मे
आगे एक हुजूम सा आ रहा था , हज़ारी की भीड़
मैने भीड़ से पूछा की पहचान कहा है तेरी
उसने कहाँ सपने और किस्मत खरिदनो को पहचान मैं बेच आई
गुमनाम कई जी रहे हैं एस इस शहर मे
हताश हो कर मे फुटपाथ पर ही बैठ गया
ना पहचान ना किस्मत ना सपने थे मेरे पास
सोचा मेने हार नही माहुँगा ,मेहनत से किस्मत हौसेल से सपने वापस ले अवँगा
एक नयी पहचान बनाउगा इस शहर मे
